Home Breaking News ऑनलाइन जुए के खिलाफ युवाओं ने छेड़ा अभियान,चंद्रपुर में विधायक किशोर जोरगेवार...

ऑनलाइन जुए के खिलाफ युवाओं ने छेड़ा अभियान,चंद्रपुर में विधायक किशोर जोरगेवार से मुलाकात

90

ऑनलाइन जुए के खिलाफ महाराष्ट्र में युवाओं का हल्ला बोल: 10 दिवसीय अभियान शुरू

चंद्रपुर, 7 जुलाई 2025: ऑनलाइन जुगार, जिसे मनोवैज्ञानिकों ने नई पीढ़ी का ‘मूक हत्यारा’ करार दिया है, अब महाराष्ट्र के युवाओं के लिए सबसे बड़ा खतरा बन चुका है। इस बढ़ती सामाजिक बुराई के खिलाफ *युथ मूवमेंट ऑफ महाराष्ट्र (YMM)* ने पूरे राज्य में 1 जुलाई से 10 जुलाई 2025 तक *“ऑनलाइन जुगार हटाओ, देश के युवाओं को बचाओ”* अभियान की शुरुआत की है। यह अभियान न केवल जागरूकता फैलाने का प्रयास है, बल्कि सरकार और विधायकों को इस खतरे के खिलाफ सख्त कानून बनाने के लिए प्रेरित करने का भी मिशन है।

युवाओं की जिंदगी पर मंडराता खतरा 

ऑनलाइन जुगार ने महाराष्ट्र के युवाओं को अपनी चपेट में ले लिया है। आंकड़े चौंकाने वाले हैं—2023 में ऑनलाइन जुगार के कारण 243 युवाओं ने आत्महत्या की, जबकि 2024 में यह संख्या बढ़कर 312 हो गई, जो पिछले साल की तुलना में 28% की वृद्धि दर्शाती है। 18 से 30 वर्ष की आयु के युवा इसकी सबसे ज्यादा मार झेल रहे हैं। ऑनलाइन बेटिंग ऐप्स के जाल में फंसकर युवा कर्ज में डूब रहे हैं, जिससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ रही है, बल्कि मानसिक तनाव, अवसाद और पारिवारिक कलह भी बढ़ रहे हैं। कई दुखद घटनाओं में युवाओं ने हार के बाद आत्महत्या जैसा खतरनाक कदम उठाया है।

चंद्रपुर में विधायक से मुलाकात 

इस अभियान के तहत रविवार, 6 जुलाई 2025 को *युथ मूवमेंट ऑफ महाराष्ट्र, चंद्रपूर यूनिट* ने चंद्रपूर के विधायक किशोरभाऊ जोरगेवार से मुलाकात की। इस दौरान युथ मूवमेंट के सदस्यों ने विधायक को एक निवेदन सौंपा, जिसमें ऑनलाइन जुगार के गंभीर परिणामों को उजागर करते हुए आगामी *विधानसभा सत्र* में इस मुद्दे को उठाने और सख्त कानून बनाने की मांग की गई। विधायक जोरगेवार ने इस अभियान की सराहना की और युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए हरसंभव प्रयास करने का आश्वासन दिया।

महाराष्ट्र में व्यापक स्तर पर अभियान  

युथ मूवमेंट ऑफ महाराष्ट्र इस अभियान को पूरे राज्य में जोर-शोर से चला रहा है। संगठन का लक्ष्य है कि हर विधानसभा क्षेत्र के विधायक तक यह निवेदन पहुंचे और सरकार इस खतरे को रोकने के लिए तत्काल कदम उठाए। अभियान के तहत जन जागरूकता रैलियां, सेमिनार और सोशल मीडिया के माध्यम से युवाओं को ऑनलाइन जुगार के दुष्परिणामों के बारे में बताया जा रहा है। संगठन ने आम जनता से भी इस मुहिम का हिस्सा बनने और युवा पीढ़ी को इस दलदल से बचाने के लिए आवाज उठाने की अपील की है।

मनोवैज्ञानिकों की चेतावनी 

मनोवैज्ञानिकों का कहना है कि ऑनलाइन जुगार नशे की तरह है, जो युवाओं को मानसिक और आर्थिक रूप से तबाह कर रहा है। यह न केवल व्यक्तिगत जीवन को प्रभावित कर रहा है, बल्कि परिवारों की शांति और सामाजिक ढांचे को भी नष्ट कर रहा है। युथ मूवमेंट का कहना है कि अगर समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो यह समस्या और भी विकराल हो सकती है।

आम जनता से अपील 

युथ मूवमेंट ऑफ महाराष्ट्र ने सभी नागरिकों से इस अभियान में शामिल होने की अपील की है। संगठन का कहना है, “यह सिर्फ एक अभियान नहीं, बल्कि हमारे देश के भविष्य को बचाने की लड़ाई है। हमारी युवा पीढ़ी को इस जाल से निकालना हम सबकी जिम्मेदारी है।”

आगे क्या?

यह अभियान 10 जुलाई तक चलेगा, जिसमें राज्य के हर कोने में जागरूकता फैलाई जाएगी। युथ मूवमेंट ने सरकार से मांग की है कि ऑनलाइन जुगार ऐप्स पर प्रतिबंध लगाने, सख्त निगरानी और कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। संगठन ने यह भी कहा कि वे इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने की योजना बना रहे हैं, ताकि पूरे देश में युवाओं को इस खतरे से बचाया जा सके।

*युथ मूवमेंट ऑफ महाराष्ट्र* के इस अभियान ने न केवल युवाओं, बल्कि पूरे समाज को एकजुट होने का संदेश दिया है। यह देखना बाकी है कि सरकार इस गंभीर मुद्दे पर कितनी तेजी से कदम उठाती है।

error: Content is protected !!