■ अनेक दर्ज अपराधों के बावजूद बेच रहे थे अवैध तंबाकू
■ 5,11,539 की सामग्री जब्त, 3 आरोपी गिरफ्तार, वसिम झिमरी व जयसूख ठक्कर फरार
चंद्रपुर।
जिले में अवैध सुगंधित तंबाकू, गुटखा और पान मसाला माफियाओं के खिलाफ पुलिस अधीक्षक आयुष नोपानी की आक्रामक रणनीति अब खुलकर सामने आने लगी है। जिले के रामनगर और सिंदेवाही क्षेत्र में एक ही दिन चलाए गए दो बड़े पुलिस अभियानों में कुल 5 लाख 11 हजार 539 रुपये का प्रतिबंधित माल जब्त किया गया। कार्रवाई के दौरान 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि कुख्यात तंबाकू कारोबारी वसिम झिमरी और जयसूख ठक्कर फरार बताए जा रहे हैं।
लगातार अपराध दर्ज होने के बावजूद अवैध तंबाकू कारोबारियों का नेटवर्क सक्रिय रहना पुलिस और प्रशासन दोनों के लिए गंभीर चुनौती माना जा रहा है। अब सवाल उठने लगे हैं कि आखिर वर्षों से जहरीला तंबाकू बेचकर युवाओं की जिंदगी बर्बाद करने वाले इन माफियाओं पर केवल सामान्य धाराएं ही क्यों लगाई जाती हैं? ऐसे संगठित अपराधियों पर मकोका जैसी कठोर कार्रवाई की मांग जोर पकड़ने लगी है।
🔴 रामनगर में बड़ा छापा, लाखों का प्रतिबंधित माल जब्त
18 मई 2026 को पुलिस स्टेशन रामनगर क्षेत्र में उपविभागीय पुलिस पथक तथा स्थानीय गुन्हे शाखा (LCB) ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित सुगंधित तंबाकू बिक्री करने वालों पर छापा मारा।
इस कार्रवाई में आरोपी सिद्धांत माधव गोंडाने (32) और मोहम्मद अखिल शकील शेख (45), दोनों निवासी इंदिरानगर, चंद्रपुर को गिरफ्तार किया गया। वहीं वसिम झिमरी निवासी घुतकाळा वॉर्ड, चंद्रपुर फरार बताया गया है।
पुलिस ने मौके से विभिन्न कंपनियों का प्रतिबंधित तंबाकू जब्त किया, जिसमें होला हुका शिशा, ईगल हक्काशी और अन्य सुगंधित तंबाकू शामिल है। इस कार्रवाई में कुल 1 लाख 35 हजार 455 रुपये का माल जब्त किया गया।
🔴 सिंदेवाही में गुटखा-पान मसाला नेटवर्क पर प्रहार
उसी दिन सिंदेवाही पुलिस सीमा में भी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित सुगंधित तंबाकू, गुटखा और पान मसाला के अवैध भंडारण एवं बिक्री का भंडाफोड़ किया।
इस मामले में आरोपी नरेश करमचंद भवानी, निवासी सिंदेवाही को गिरफ्तार किया गया, जबकि बल्लारशाह निवासी जयसूख ठक्कर फरार हो गया।
पुलिस ने 14 प्रकार के अलग-अलग सुगंधित तंबाकू, गुटखा और पान मसाला उत्पाद जब्त किए, जिनकी कुल कीमत 3 लाख 76 हजार 84 रुपये बताई गई है। इस कार्रवाई को उपविभाग ब्रह्मपुरी/मूल पथक और LCB चंद्रपुर ने अंजाम दिया।
🔴 संगठित नेटवर्क पर बड़ा सवाल
लगातार हो रही कार्रवाई यह संकेत दे रही है कि जिले में अवैध तंबाकू कारोबार कोई छोटा धंधा नहीं, बल्कि संगठित नेटवर्क के रूप में संचालित हो रहा है। कई आरोपियों पर पहले से अपराध दर्ज होने की चर्चा भी सामने आ रही है, लेकिन इसके बावजूद कारोबार बेखौफ जारी है।
ऐसे में अब जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वाले इस नेटवर्क पर कठोर कानूनों के तहत कार्रवाई की मांग उठ रही है। नागरिकों का कहना है कि यदि मादक पदार्थों और संगठित अपराध सिंडिकेट पर कड़ी कार्रवाई हो सकती है, तो युवाओं को जहरीला तंबाकू बेचने वाले माफियाओं पर मकोका लगाने में आखिर संकोच क्यों?










